रिश्ते

रिश्ते

A Story by Mahi sain(Mahesh)
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यह कहानी मेरी जिंदगी से जुड़े मेरे खास मित्र से सम्बंधित है । हा�™ांकि अब वो इस दुनिया में नहीं है �™

"
Prince ??????

*_पिताजी जोर से चि�™्�™ाते हैं ।_*
प्रिंस दौड़कर आता है पूछता है...
क्या बात है पिताजी? 

*पिताजी-* तूझे पता नहीं है आज तेरी बहन रश्मि आ रही है?  वह इस बार हम सभी के साथ अपना जन्मदिन मनाये�-ी..अब ज�™्दी से जा �"र अपनी बहन को �™ेके आ।

हाँ �"र सुन...तू अपनी नई �-ाड़ी �™ेके जा जो तूने क�™ खरीदी है..उसे अच्छा �™�-े�-ा।

*प्रिंस -* �™ेकिन मेरी �-ाड़ी तो मेरा दोस्त �™े �-या है सुबह ही...�"र आपकी �-ाड़ी भी ड्राइवर ये कहके �™े �-या की �-ाड़ी की ब्रेक चेक करवानी है।

*पिताजी -* ठीक है तो तू स्टेशन तो जा कीसी की �-ाड़ी या किराया की करके? उसे बहुत खुशी मि�™े�-ी ।

*प्रिंस -* अरे वह बच्ची है क्या जो आ नहीं सके�-ी ? 
टैक्सी या आटो �™ेकर आ जाये�-ी आप चिंता क्यों करते हो ....

*पिताजी -* तूझे शर्म नहीं आती ऐसा बो�™ते हुए ?
घर मे �-ाडी़यां होते हुए भी घर की बेटी किसी टैक्सी या आटो से आये�-ी ?

*प्रिंस -* ठीक है आप जा�" मुझे बहुत काम है मैं नहीं जा सकता...

*पिताजी -* तूझे अपनी बहन की थोड़ी भी फिकर नहीं ? 
शादी हो �-ई तो क्या बहन पराया हो �-ई ....
क्या उसे हम सबका प्यार पाने का हक नहीं ? 
तेरा जितना अधिकार है इस घर में उतना ही तेरी बहन का भी है। कोई भी बेटी या बहन मायके छोड़ने के बाद वह पराया नहीं होती।

*प्रिंस -* म�-र मेरे �™िए वह पराया हो चुकी है �"र इस घर पे सिर्फ मेरा अधिकार है।
तडाक ...अचानक पिताजी का हाथ उठ जाता है प्रिंस पर...
�"र तभी माँ भी आ जाती है ।

*मम्मी -* आप कुछ शरम तो कीजिये ऐसे जवान बेटे पर हाथ  नहीं उठाते।

*पिताजी -* तुमने सुना नहीं इसने क्या कहा ? अपनी बहन को पराया कहता है ....
ये वही बहन है जो इससे एक प�™ भी जुदा नहीं होती थी हर प�™ इसका ख्या�™ रखती थी। 
पाकेट मनी से भी बचाकर इसके �™िए कुछ न कुछ खरीद देती थी। बिदाई के वक्त भी हमसे ज्यादा अपने भाई से �-�™े �™�-कर रोई थी।
�"र ये आज उसी बहन को पराया कहता है।

*प्रिंस -*(मुस्कुराके)  बुआ का भी तो आज ही जन्मदिन है पापा...
वह कई बार इस घर मे आई है म�-र हर बार आटो से आई है..
आपने कभी भी अपनी �-ाड़ी �™ेकर उन्हें �™ेने नहीं �-ये...
माना वह आज वह तं�-ी मे है म�-र क�™ वह भी बहुत अमीर थी आपको मुझको इस घर को उन्होंने दि�™ खो�™कर सहायता �"र सहयो�- किया है। 
बुआ भी इसी घर से बिदा हुई थी फिर *रश्मि दी �"र बुआ मे फर्क कैसा।*
रश्मि मेरी बहन है तो बुआ भी तो आपकी बहन है।
 
कि तभी बाहर �-ाड़ी रूकने की आवाज आती है....
तब तक पापा प्रिंस की बातों से पश्चाताप की आ�- मे ज�™कर रोने �™�-े �"र इधर रश्मि भी दौड़कर  पापा मम्मी से �-�™े मि�™ती है.. �™ेकिन उनकी हा�™त देखकर पूछती है कि क्या हुआ पापा? 

*पापा -* तेरा भाई आज मेरा भी पापा बन �-या है ।

*रश्मि -* भाई की तरफ देखते हुए ऐ पा�-�™...
नई �-ाड़ी न? बहुत ही अच्छी है... मैंने ड्राइवर को पीछे बिठाकर खुद च�™ाके आई हूँ �"र क�™र भी मेरी पसंद का है।

*प्रिंस -* happy birthday to you दी...वह �-ाड़ी आपकी है �"र हमारे तरफ से आपको birthday gift..
बहन सुनते ही खुशी से उछ�™ पड़ती है की तभी बुआ भी अंदर आती है ।

*बुआ -* क्या भैया आप भी न, ??? 
न कोई फोन न कोई खबर अचानक भेज दी �-ाड़ी..... भा�-कर आई हूँ खुशी से। 
ऐसा �™�-ा जैसे पापा आज भी जिंदा हैं...

*इधर पिताजी अपनी प�™कों मे आंसु �™िये प्रिंस की �"र देखते हैं �"र प्रिंस पापा को चुप रहने को इशारा करता है।*
इधर बुआ कहती जाती है कि मैं कितनी भा�-्यशा�™ी हूँ कि मुझे पिता जैसा भैया मि�™ा, 
ईश्वर करे मुझे हर जन्म मे आप ही भैया मि�™े...
पापा मम्मी को पता च�™ �-या था कि ...
ये सब प्रिंस की करतूत है म�-र आज फिर एक बार रिश्तों को मजबूती से जुड़ते देखकर वह अंदर से खुशी से टूटकर रोने �™�-े। उन्हें अब पूरा यकीन था कि ..
मेरे जाने के बाद भी मेरा प्रिंस रिश्तों को सदा हिफाजत से रखे�-ा,.....

*_बेटी �"र बहन दो बेहद अनमो�™ शब्द हैं..._*
*_जिनकी उम्र बहुत कम होती है । क्योंकि शादी के बाद एक बेटी �"र बहन किसी की पत्नी तो किसी की भाभी �"र किसी की बहू बनकर रह जाती है।_*
शायद �™ड़कियाँ इस�™िए मायके आती हों�-ी कि....
*उन्हें फिर से बेटी �"र बहन शब्द सुनने को बहुत मन करता हो�-ा ।*

हम इतना ही कहें�-े,पढ़ते पढ़ते आंखे हमारी ज़रूर नम हो �-ई।
आप सभी की भी ज़रूर होनी ही है।

© 2019 Mahi sain(Mahesh)


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Added on August 16, 2019
Last Updated on August 16, 2019

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Mahi sain(Mahesh)
Mahi sain(Mahesh)

Jodhpur, India